छोटे और बड़े वाहनों के लिए अलग-अलग रास्ते तय, 24 घंटे मजिस्ट्रेट और पुलिस बल तैनात बक्सर खबर। बक्सर और बरूणा रेलवे स्टेशन के बीच इटाढ़ी रेलवे गुमटी के पास बना नवनिर्मित रेलवे ओवर ब्रिज क्षतिग्रस्त हो गया है। पुल का एक हिस्सा टूटने के कारण इस पर वाहनों का परिचालन अब सुरक्षित नहीं रह गया है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने पुल की मरम्मत होने तक बड़े और भारी वाहनों के आने-जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है। सदर के अनुमंडल दंडाधिकारी अविनाश कुमार ने इस संबंध में एक विस्तृत संयुक्त आदेश जारी किया है।प्रशासनिक आदेश के अनुसार, इस मार्ग पर प्रतिदिन भारी संख्या में गाड़ियां चलती हैं। इस वजह से यहां हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है। ओवर ब्रिज के क्षतिग्रस्त होने के बाद हादसे की आशंका और बढ़ गई है। इसे देखते हुए जब तक पुल की मरम्मत पूरी नहीं हो जाती, तब तक भारी वाहनों को शहर से बाहर के वैकल्पिक रास्तों से भेजा जाएगा। इसके लिए रूट तय कर दिए गए हैं।
इटाढ़ी की तरफ से आने वाले सभी भारी वाहन अब राजपुर और चौसा होते हुए उत्तर प्रदेश की सीमा में प्रवेश करेंगे। अगर उन्हें बक्सर शहर की तरफ आना है, तो वे राजपुर-चौसा मार्ग का ही प्रयोग करेंगे। नावानगर-सिकरौल की ओर से आने वाले भारी वाहनों को अब कोरानसराय, डुमरांव और नया भोजपुर होते हुए बक्सर गोलम्बर की तरफ भेजा जाएगा। रोहतास की ओर से आने वाले भारी वाहन अब राजपुर प्रखंड में प्रवेश करने के बाद इटाढ़ी मार्ग पर नहीं जा सकेंगे। उन्हें सीधे सरेंजा और चौसा होते हुए गाजीपुर अथवा बक्सर नगर की ओर जाना होगा। अपेक्षाकृत छोटे वाहन जैसे मोटरसाइकिल, ऑटो रिक्शा और ई-रिक्शा पहले की तरह ही पाण्डेय पट्टी रेलवे गुमटी से होकर गुजर सकेंगे। इटाढ़ी की ओर से आने वाले आवश्यक सेवा के वाहन लालगंज स्थित डीएवी स्कूल के पास से मुड़कर पाण्डेय पट्टी रेलवे फाटक पार करेंगे और निर्धारित रूट का पालन करेंगे। विभिन्न स्कूलों की बसें और रसोई गैस सिलेंडर की आपूर्ति करने वाले वाहनों को पाण्डेय पट्टी रेलवे फाटक से ही आने-जाने की अनुमति दी गई है। इटाढ़ी, धनसोई, सिकरौल और रोहतास की ओर से आने वाली सभी सवारी बसें इटाढ़ी गुमटी के दक्षिण दिशा में ही सवारियों को उतारेंगी और वहीं से वापस लौट जाएंगी। इन बसों का बक्सर नगर के अंदर प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति करने वाले भारी वाहनों के मालिकों को अनुमंडल पदाधिकारी स्तर से वाहन रूट पास लेनी होगी।
इस नए ट्रैफिक नियम और विधि व्यवस्था को कड़ाई से लागू कराने के लिए प्रशासन ने 6 जून से ही अगले आदेश तक चौबीसों घंटे मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी लगा दी है। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और वाहनों की सघन जांच का आदेश दिया गया है।लालगंज चौमुहानी पर तैनात दंडाधिकारी को स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि वे किसी भी भारी वाहन को वहां से पाण्डेय पट्टी की ओर प्रवेश नहीं करने देंगे। सभी जांच स्थलों पर तैनात अधिकारियों के लिए शेड, कुर्सी, टेबल और पीने के पानी की व्यवस्था करने की जिम्मेदारी संबंधित अंचल अधिकारियों को सौंपी गई है।































































































