4.29 लाख की लागत से बना पार्किंग शेड, न्यायिक कर्मचारियों व वादकारियों के लिए भी तैयार होगा सुविधा भवन बक्सर खबर। व्यवहार न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं की सुविधा के लिए नवनिर्मित मोटरसाइकिल स्टैंड का लोकार्पण मंगलवार को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश काजल झाम्ब ने किया। उन्होंने कहा कि न्यायालय परिसर में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार न्यायिक व्यवस्था को अधिक सुगम, व्यवस्थित और जनोन्मुखी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। भवन निर्माण विभाग की ओर से लगभग 4.29 लाख रुपये की लागत से नए एक्साइज न्यायालय भवन के समीप मोटरसाइकिल स्टैंड का निर्माण कराया गया है। इससे अधिवक्ताओं को सुरक्षित एवं व्यवस्थित पार्किंग की सुविधा मिलेगी। साथ ही न्यायालय परिसर में भीड़भाड़ कम होगी और कार्य निष्पादन में भी आसानी होगी।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा कि न्यायालय परिसर में अन्य सुविधाओं के विकास की दिशा में भी पहल की जा रही है। न्यायिक कर्मचारियों के लिए वाहन शेड तथा आम नागरिकों और वादकारियों के लिए सुविधा भवन निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया गया है। समारोह में वक्ताओं ने कहा कि न्यायालय केवल न्यायिक निर्णयों का केंद्र नहीं, बल्कि लोकतंत्र के एक महत्वपूर्ण स्तंभ का प्रतीक है। ऐसे में न्यायालय परिसरों में बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना समय की जरूरत है। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था की रीढ़ हैं और उनके लिए बेहतर कार्य वातावरण उपलब्ध कराना न्यायिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाएगा।
कार्यक्रम में प्रधान न्यायाधीश मनोज कुमार, उदय प्रताप सिंह, अमित कुमार शर्मा, सुनील कुमार सिंह, सोनेलाल रजक, देवेश कुमार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी, जिला अधिवक्ता संघ के महासचिव विन्देश्वरी प्रसाद पाण्डेय उर्फ पप्पू पाण्डेय, प्रभारी प्रशासन न्यायालय राजीव कुमार श्रीवास्तव, नाजिर संतोष कुमार द्विवेदी समेत बड़ी संख्या में अधिवक्ता और न्यायिक कर्मी उपस्थित रहे।






























































































