महिलाओं को झांसा देकर खुलवाती थी फर्जी खाते, बाहरी राज्यों से मंगाया जाता था साइबर ठगी का पैसा बक्सर खबर। जिला पुलिस ने एक ऐसी शातिर महिला को गिरफ्तार किया है जो गांव की मासूम महिलाओं को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का झांसा देकर उनके नाम पर बैंक खाते और सिम कार्ड हासिल कर लेती थी। इन खातों का उपयोग देश के अन्य राज्यों में साइबर ठगी के पैसों को मंगाने और निकालने के लिए किया जाता था। गिरफ्तार महिला की पहचान धनसोई थाना क्षेत्र के सिमरिया निवासी ममता देवी के रूप में हुई है। घटना का खुलासा तब हुआ जब बावनबांध निवासी एक पीड़ित ने पुलिस को आवेदन दिया। शिकायत के अनुसार, ममता देवी ने गांव की कई महिलाओं को नए बैंक खाते खुलवाने और सिम कार्ड दिलाने के बहाने उनके दस्तावेज अपने पास रख लिए थे। मामला तब गरमाया जब गांव की ही एक लड़की के घर दूसरे राज्य से सरकारी नोटिस पहुंचा। नोटिस में जिक्र था कि उसके खाते में साइबर ठगी की बड़ी राशि आई और निकाली गई है। जब पीड़ितों ने ममता देवी से अपने कागजात वापस मांगे, तो उसने टालमटोल शुरू कर दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर थाना में कांड संख्या 20/26 दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पुलिस उपाध्यक्ष सह साइबर थानाध्यक्ष अविनाश कुमार कश्यप के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ममता देवी को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया और बताया कि वह अपने अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर लोगों के नाम पर खाते खुलवाती थी और उन खातों में ठगी के पैसे मंगाकर कमीशन के आधार पर निकासी करती थी। पुलिस के अनुसार, पकड़े जाने के डर से आरोपित महिला ने अपराध से जुड़े कई महत्वपूर्ण साक्ष्यों और दस्तावेजों को जलाकर नष्ट करने का भी प्रयास किया। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस ने आरोपी के पास से तीन नोटबुक, एक लेडिज पर्स, एक रजिस्टर और अन्य कागजात बरामद किया है। गिरफ्तार ममता देवी का पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। वह बक्सर साइबर थाना के एक पुराने मामले में भी नामजद है, जिसमें उन पर धोखाधड़ी और आईटी एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज है।






























































































