ओएचएम ने होम्योपैथी को बताया सस्ती, सुरक्षित व प्रभावी चिकित्सा पद्धति बक्सर खबर। ऑर्गेनाइजेशन ऑफ होम्यो मिशन की जिला इकाई द्वारा शुक्रवार को शहर के चीनी मिल मोहल्ला स्थित कार्यालय में होम्योपैथी के जनक डॉ. सैमुअल हैनीमैन की 272वीं जयंती श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर जिले भर से पहुंचे दर्जनों होम्योपैथिक चिकित्सकों ने भाग लिया और उनके योगदान को याद किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए ओएचएम के जिलाध्यक्ष डॉ. चमन कुमार ने बिहार सरकार से होम्योपैथिक चिकित्सकों की शीघ्र बहाली की मांग की। उन्होंने कहा कि होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति न केवल सस्ती है, बल्कि इसके दुष्प्रभाव भी नगण्य हैं, जिससे यह आम जनता के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकती है। उन्होंने सरकार से इस पद्धति को बढ़ावा देने और अस्पतालों में पर्याप्त पद सृजित करने की अपील की।
संस्था के सचिव डॉ. दिलीप कुमार सिन्हा उर्फ गुरु लाल ने अपने संबोधन में कहा कि होम्योपैथी आज के दौर में एक सुरक्षित, प्रभावी और वैज्ञानिक चिकित्सा पद्धति के रूप में तेजी से लोकप्रिय हो रही है। उन्होंने कहा कि अगर इसे सही तरीके से प्रोत्साहित किया जाए, तो ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति में व्यापक सुधार संभव है। इस दौरान उपस्थित अन्य चिकित्सकों ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए होम्योपैथी के प्रचार-प्रसार और जन-जागरूकता पर जोर दिया। कार्यक्रम में डॉ. भास्कर मिश्रा, डॉ. मनोज श्रीवास्तव, डॉ. नरेंद्र श्रीवास्तव, डॉ. बजरंगबली, डॉ. राज सिन्हा सहित अन्य चिकित्सक मौजूद रहे।




























































































