पोस्टमार्टम हाउस के बाहर खडे डीएसपी शैशव यादव व लाल घेरे में इटाढी प्रभारी शमीम अहमद

बक्सर खबर : विनोद कुशवाहा की हत्या किसने की? यह प्रश्न सबके सामने है। हत्या कोच-बकसडा गांव के समीप हुई। घटना पूर्व नियोजित थी। यह बातें खुलकर सामने आ रही हैं। शव के साथ ज्योति चौक पर प्रदर्शन कर रहे लोग सीधे तौर पर थानाध्यक्ष को दोषी बता रहे हैं। इटाढी के कोतवाल शमीम अहमद के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज करने की मांग पर अडे हैं। ज्योति चौक पूरी तरह जाम है। मौके पर पुलिस वाले नहीं पहुंच रहे।

कुछ देर पहले डीएसपी शैशव यादव पहुंचे थे। जिनके सामने यह प्रस्ताव रखा गया। आप दरोगा को अभियुक्त बनाइए, निलंबित करें, हम जाम हटा रहे हैं। डीएसपी बगैर कुछ स्पष्ट जवाब दिए वहां से लौट गए। इस सिलसिले में पुलिस कप्तान राकेश कुमार से बक्सर खबर ने बात की। उनका जवाब था लिख कर शिकायत दें, जांच होगी। क्या थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभार से हटाया जाएगा? इसका जवाब मिलने से पहले ही उनका फोन कट गया। वहीं ज्योति चौक पर जाम कर रहे उग्र लोग रात नौ बजे भी डटे हुए हैं। टेंट लग रहे हैं, नारेबाजी का दौर जारी है।

दोषियों पर हो कार्रवाई, परिवार को मिले मुआवजा
बक्सर : विनोद की हत्या साजीश के तहत हुई है। इस मामले में इंसाफ होना चाहिए। दोषियों को पुलिस गिरफ्तार करे। कनपुरा निवासी ललन सिंह समेत पांच-छह लोग हत्या में शामिल हैं। थानेदार ने भी उनको सहयोग किया है। वहां गोली चली तो विनोद जिंदा था। लेकिन थानाध्यक्ष ने उसे सीधे अस्पताल के पोस्टमार्टम रुम में लाकर बंद कर दिया। बगैर जांच के यह कैसे पता चला घायल की मौत हो चुकी है। पुलिस वाले ने उसे जान से मारा है। उसे अविलंब बर्खाश्त किया जाए। साथ ही परिजनों को मुआवजा दिया जाए। इन मांगों के साथ धरना प्रदर्शन जारी है। सूचना के अनुसार मौके पर वरिष्ठ नेता श्यामलाल सिंह कुशवाहा, अजय चौबे समेत बडी संख्या में लोग मौजूद हैं। इस वजह से मुख्य पथ का परिचालन बाधित है।