नावानगर में रोजगार और जल संरक्षण को लेकर लिया जायजा बक्सर खबर। जिलाधिकारी डॉ. विद्यानंद सिंह ने गुरुवार को नावानगर स्थित औद्योगिक क्षेत्र का दौरा किया। निरीक्षण के दौरान सबसे पहले वरुणा बेवरेज, पेप्सी प्लांट के मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का भ्रमण किया और वहां की विभिन्न शाखाओं का जायजा लिया।प्लांट प्रबंधन की ओर से प्रेजेंटेशन के जरिए डीएम को यह बताया गया कि यहां कितने मानवबल की आवश्यकता है और स्थानीय स्तर पर कितनों को रोजगार दिया गया है। डीएम ने औद्योगिक इकाई द्वारा स्थानीय युवाओं को मिलने वाले रोजगार के अवसरों की जानकारी भी ली।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने बड़ा सवाल खड़ा करते हुए पूछा कि क्या इस इकाई में भूमिगत जल का दोहन होगा? इस पर प्लांट प्रबंधन ने जवाब दिया कि परिसर में वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाया गया है, जिससे बारिश का पानी संग्रह कर उसे दोबारा उपयोग किया जाएगा। साथ ही, आस-पास के सूख चुके तालाबों और पोखरों का भी जीर्णोद्धार कर, जितना पानी प्लांट उपयोग करेगा, उससे 1.5 गुना अधिक जल का संचयन किया जाएगा। इसी क्रम में डीएम ने एसएलएमजी, कोका कोला प्लांट का भी भ्रमण किया। यहां भी रोजगार सृजन, जल संरक्षण और सामाजिक अंशदान को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
डीएम के इस निरीक्षण से साफ संकेत मिला कि प्रशासन औद्योगिक इकाइयों से सिर्फ उत्पादन ही नहीं, बल्कि स्थानीय विकास, रोजगार सृजन और पर्यावरणीय संतुलन की भी अपेक्षा रखता है। ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि इन बड़े ब्रांडों की मौजूदगी अब जिले के युवाओं के लिए रोजगार का नया रास्ता खोलेगी।