डीएम ने दिए सभी तकनीकी और जनसुझावों को शामिल करने का निर्देश बक्सर खबर। जिलाधिकारी साहिला की अध्यक्षता में गुरुवार को समाहरणालय सभाकक्ष में बक्सर आयोजना क्षेत्र के मास्टर प्लान को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में नगर विकास एवं आवास विभाग, बिहार सरकार द्वारा चयनित एजेंसी स्टेसालिट सिस्टम्स लिमिटेड के पांचवें चरण के प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा की गई और स्थानीय जरूरतों के अनुरूप सुझाव लिए गए। बैठक का संचालन मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी कुमार ऋत्विक ने किया, जबकि पूरे मास्टर प्लान कार्य का तकनीकी पर्यवेक्षण सहायक नगर नियोजन पर्यवेक्षक वंदना द्वारा किया जा रहा है। कंसल्टेंट टीम ने वर्ष 2045 तक की संभावित आबादी और शहर की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए भूमि उपयोग, परिवहन व्यवस्था और आधारभूत संरचना विकास पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।
बैठक में शहर के बाहर आधुनिक बस टर्मिनल विकसित करने, प्रमुख सड़कों के किनारे ग्रीनफील्ड परियोजनाओं को बढ़ावा देने तथा गंगा नदी तट पर घाटों के पुनर्विकास के साथ जेट्टी आधारित जल परिवहन प्रणाली को सुदृढ़ करने जैसे अहम प्रस्तावों पर विशेष चर्चा हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य, उप विकास आयुक्त निहारिका छवि, अपर समाहर्ता अरुण कुमार सिंह समेत विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने यातायात प्रबंधन, जल निकासी व्यवस्था और सुनियोजित शहरी विस्तार को लेकर अपने सुझाव प्रस्तुत किए। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी तकनीकी एवं जनसुझावों को मास्टर प्लान में शामिल किया जाए। उन्होंने कहा कि योजना आधुनिक होने के साथ-साथ बक्सर की सांस्कृतिक और भौगोलिक विशेषताओं के अनुरूप व्यावहारिक भी होनी चाहिए।





























































































