महिला थानाध्यक्ष ने समझाए कानूनी अधिकार, स्पीक अप- स्पीक आउट का दिया गया मजबूत संदेश बक्सर खबर। इटाढ़ी रोड स्थित राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय में कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न की रोकथाम को लेकर एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम आंतरिक शिकायत समिति के तत्वावधान में आयोजित हुआ, जिसकी थीम स्पीक अप, स्पीक आउट अगेंस्ट सेक्सुअल हरासमेंट रही। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। इस अवसर पर महिला थाना की थानाध्यक्ष प्रतिभा कुमारी बतौर मुख्य वक्ता उपस्थित रहीं। उनके साथ प्राचार्य प्रो. डॉ. राम नरेश राय, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. श्याम लाल वर्मा, डॉ. अंजनी कुमार तिवारी सहित कई शिक्षकगण मंचासीन रहे। प्राचार्य प्रो. डॉ. राम नरेश राय ने अपने संबोधन में कहा कि किसी भी शैक्षणिक संस्थान की पहचान सुरक्षित, सम्मानजनक और भयमुक्त कार्य वातावरण से होती है। उन्होंने लैंगिक उत्पीड़न की रोकथाम के लिए जागरूकता, संवेदनशीलता और सभी की सामूहिक जिम्मेदारी को बेहद जरूरी बताया।
मुख्य वक्ता प्रतिभा कुमारी ने कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न के विभिन्न रूपों, इसके सामाजिक और मानसिक प्रभावों पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही उन्होंने कार्यस्थल पर महिलाओं के लैंगिक उत्पीड़न अधिनियम, 2013 के तहत उपलब्ध कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने आंतरिक शिकायत समिति की भूमिका, शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया और गोपनीयता के महत्व को भी सरल शब्दों में समझाया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक, कर्मचारी, लैब असिस्टेंट एवं अन्य स्टाफ सदस्यों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। सभी ने एक सुरक्षित और सकारात्मक कार्यस्थल के निर्माण के लिए जागरूक रहने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के सफल संचालन में अंग्रेजी की सहायक प्राध्यापक डॉ. शमीरा शमीम की अहम भूमिका रही। कार्यक्रम के अंत में विद्युत अभियंत्रण विभाग की सहायक प्राध्यापक आकृति ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए प्राचार्य, मुख्य वक्ता, आईसीसी सदस्यों, सभी फैकल्टी और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।





























































































