स्व. कृष्ण बिहारी मिश्र की चतुर्थ पुण्यतिथि पर अधिवक्ताओं व गणमान्य लोगों ने किया नमन बक्सर खबर। व्यवहार न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता स्वर्गीय कृष्ण बिहारी मिश्र की चतुर्थ पुण्यतिथि शहर के सिविल लाइन स्थित उनके आवास पर श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर उनके तैलचित्र पर पुष्प अर्पित कर उपस्थित लोगों ने भावभीनी श्रद्धांजलि दी और दो मिनट का मौन रखकर उनकी स्मृति को नमन किया। स्व. कृष्ण बिहारी मिश्र ने व्यवहार न्यायालय में लगभग 60 वर्षों तक सिविल मुकदमों की प्रभावशाली वकालत की। विधि क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान और गहन ज्ञान के कारण अधिवक्ताओं के बीच उन्हें सम्मानपूर्वक भीष्म पितामह की संज्ञा दी जाती थी।
उन्होंने अपने लंबे न्यायिक जीवन में न केवल अनगिनत मुकदमों का सफल संचालन किया, बल्कि कई युवा अधिवक्ताओं को मार्गदर्शन देकर विधि क्षेत्र में स्थापित होने की प्रेरणा भी दी। पुण्यतिथि कार्यक्रम में वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व की सादगी, न्यायप्रियता, अनुशासन और गहरी विधिक समझ को याद किया। उपस्थित अधिवक्ताओं ने कहा कि स्व. मिश्र ने सदैव सत्य और न्याय के पक्ष में खड़े रहकर पेशे की गरिमा को बनाए रखा। उनका जीवन नई पीढ़ी के अधिवक्ताओं के लिए प्रेरणास्रोत है। कार्यक्रम में योगेंद्र नाथ मिश्रा, देवेंद्र नाथ मिश्रा, भूपेंद्र नाथ मिश्रा, अधिवक्ता अवनींद्र नाथ मिश्रा, समाजसेवी राघवेंद्र राय, बृजेश पाठक, वार्ड पार्षद प्रतिनिधि मिथिलेश कुमार सिंह, सत्येंद्र सिंह, अधिवक्ता पवन राय, पंकज त्रिपाठी, विनोद मिश्रा, अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष बबन ओझा, महासचिव बिंदेश्वरी पांडेय उर्फ पप्पू पांडेय, गोविंद जी मिश्रा, दयाशंकर पांडे, रामकृष्ण चौबे सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

































































































