आईसीएआर-आरसीईआर की बैठक में जिले के प्रगतिशील किसानों की सक्रिय भागीदारी, जलवायु अनुकूल खेती पर जोर। बक्सर खबर। जिले के प्रगतिशील किसानों ने सोमवार को पटना में आयोजित आईसीएआर-आरसीईआर की स्टेकहोल्डर्स मीटिंग में भाग लेकर आधुनिक खेती की दिशा में मजबूत पहल की। बैठक की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक डॉ. अनुप दास ने की, जिसमें जिले से आए किसानों के साथ जिला कृषि पदाधिकारी धर्मेंद्र कुमार, केवीके के प्रधान एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. देवकरण, पादप संरक्षण विशेषज्ञ डॉ. रामकेवल तथा क्लस्टर समन्वयक डॉ. कुनाल आनंद उपस्थित रहे। बैठक में जीरो टिलेज, रेज्ड बेड तकनीक और फसल अवशेष प्रबंधन जैसे आधुनिक कृषि उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया गया, जिससे किसानों की आय में वृद्धि के साथ-साथ जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम किया जा सके।
वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अभय कुमार ने किसानों को संबोधित करते हुए नई तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आधुनिक कृषि पद्धतियां न केवल उत्पादन बढ़ाती हैं, बल्कि मृदा स्वास्थ्य को बेहतर बनाते हुए रोगों से भी बचाव करती हैं। कार्यक्रम के अंत में डॉ. धीरज कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इसके बाद किसानों ने संस्थान के प्रायोगिक खेतों का भ्रमण कर विभिन्न उन्नत तकनीकों का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त किया। बैठक में कृषि विज्ञान केंद्र के अंगीकृत गांव अतरौना के सत्येंद्र चौबे, मझवारी के गणेश प्रसाद तथा आथर गांव के किसान संदीप ने जलवायु अनुकूल कृषि कार्यक्रम में भाग लेकर जिले का प्रतिनिधित्व किया। इन किसानों ने नई तकनीकों को अपनाकर जिले में खेती को और अधिक उन्नत बनाने का संकल्प लिया।
































































































