दुर्घटनाएं

बक्सर खबर। जीवन से लोग कभी-कभी इतना निराश हो जाते हैं। उनके मौत से आगे कुछ नहीं सुझता। जीवन ऐसे दो राहे पर खड़ा कर देता है। लोग मरना ही श्रेयकर समझते हैं। शायद यही सोच लिए आज मुन्नी देवी (46) ने अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। क्योंकि उन्हें कैंसर जैसी असाध्य बीमारी ने जकड़ रखा था। पटना में इलाज चल रहा था। परिवार परेशान था और मुन्नी का पति सुरेश बिंद परेशान था।

पत्नी की दशा उससे और पति की दशा पत्नी के लिए असह्य हो रही थी। सोमवार को मुन्नी टुडीगंज स्टेशन पहुंची और ट्रेन के आगे कूद गई। उसने परिवार की मजबूरी को देखते हुए मौत को गले लगा लिया। सूत्रों ने बताया कि यह परिवार कृष्णाब्रह्म थाने के खरहांटाड का निवासी था। घरवालों को पता नहीं था कब वह स्टेशन चली आई। जब प्रशासन ने सूचना दी तो उन्हे दुर्घटना की जानकारी मिली। लोगों को जब यह बात पता चली तो सुनने वाले अफसोस कर रहे थे। जीवन इतना बड़ा बोझ बन सकता है भला।

add

Comment