बक्सर खबर : महज नौ दस की बच्ची के साथ दुष्कर्म जैसी घटना होते-होते बची। यह वाकया रविवार की सुबह दस से ग्यारह बजे के बीच का है। नाबालिग बच्ची इटाढ़ी रेलवे गुमटी के पास अपनी मौसी को छोडऩे आई थी। वहां से लौटने के क्रम में विरेन्द्र यादव नाम का व्यक्ति उसे झांसे में लेकर खेत की तरफ निकल गया। उधर से आ रहे लोगों को व्यक्ति की नियत पर शक हुआ। आपसी विमर्श के बाद एक युवक ने उसे रोक लिया। बच्ची से पूछने लगा। तुम्हें यह कहां ले जा रहा है। वह रोने लगी। अपना घर ईस्माइलपुर बताया। जो स्टेशन के पास ही स्थित है। उसने मांता-पिता का नाम भी बताया।

इसकी भनक लगते ही आस-पास के लोग जमा हो गए। मुंगाव निवासी आरोपी व्यक्ति विरेन्द्र यादव पर लोगों ने हाथ साफ किया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे सुप्रभात गुप्ता उर्फ बिट्टू, रवि ओझा, संदीप ठाकुर, दिवाकर राय ने उसे पकड़कर पास में स्थित मुफस्सिल थाना पोस्ट के हवाले किया। उनकी सूचना पर बच्ची की मां पहुंची। उसने प्राथमिकी दर्ज कराने से इनकार किया। अब पुलिस वालों को भी मौका मिला। पकड़कर लाने वाले युवकों पर हवा बनाने लगे। कौन कराएगा एफआइआर, ऐसा कह उन्हें भी चलता किया। मौके पर मौजूद पुलिस पदाधिकारी का गैर जिम्मेराना व्यवहार व पुलिस मैनुअल का उल्लंघन अपने आप में अपराध है। अप्रिय घटना को रोकने वाले युवाओं को शाबाशी देने के बजाय बच्ची की मां ने ऐसा जवाब दिया। जिससे सुन आस-पास के लोग भी चुप रह गए।